Date/21/09/2026
देहरादून। रितु गुजराल फाउंडेशन द्वारा ‘विधि पाठशाला 5.0 युवा विधि सम्मेलन’ का आयोजन लीची बाग, हाथीबड़कला रोड, दिलाराम क्रॉसिंग, देहरादून में किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवा विधि विद्यार्थियों को केवल पुस्तकीय ज्ञान तक सीमित न रखते हुए उन्हें कानूनी शोध, केस स्टडी, डिजिटल साक्ष्य, संवैधानिक अधिकारों तथा कानून के व्यावहारिक अनुप्रयोग से जोड़ना रहा। यह कार्यक्रम भारत सरकार के युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के माई भारत तथा नमामि गंगे के सहयोग से आयोजित किया गया।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि न्यायमूर्ति राजेश टंडन (सेवानिवृत्त), पूर्व न्यायाधीश, उत्तराखंड उच्च न्यायालय रहे। वहीं विशिष्ट अतिथि नेहा जोशी, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष, भाजपा युवा मोर्चा तथा अध्यक्षता एडवोकेट राकेश गुप्ता, चेयरपर्सन, बार काउंसिल ऑफ उत्तराखंड द्वारा की गई।
कार्यक्रम में हेड ज्यूरी एडवोकेट आर. एस. राघव, पूर्व सदस्य, राज्य पुलिस शिकायत प्राधिकरण रहे। ज्यूरी सदस्यों में एडवोकेट विवेक शर्मा, पूर्व सूचना आयुक्त, तथा एडवोकेट भानु प्रताप बिष्ट, सहायक अभियोजन अधिकारी, जिला एवं सत्र न्यायालय शामिल रहे।
सम्मेलन में विद्यार्थियों को कानूनी शोध, केस स्टडी, साइबर कानून, डिजिटल साक्ष्य, संवैधानिक अधिकार एवं कानून के व्यावहारिक अनुप्रयोग से जुड़ी गतिविधियों के माध्यम से सीखने का अवसर मिला। टीम आधारित गतिविधियों में विद्यार्थियों ने कानूनी मुद्दों का विश्लेषण कर अपने तर्क एवं समाधान प्रस्तुत किए, जिससे उनके शोध, विश्लेषण, तार्किक सोच एवं प्रस्तुति कौशल को बढ़ावा मिला।
सम्मेलन में देहरादून के नौ प्रमुख विधि शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक इस गतिविधि में प्रतिभाग किया। इनमें उत्तरांचल लॉ कॉलेज, देवभूमि उत्तराखंड यूनिवर्सिटी, सिद्धार्थ लॉ यूनिवर्सिटी, ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी, माया देवी यूनिवर्सिटी, डीबीएस ग्लोबल यूनिवर्सिटी, जगन्नाथ विश्व लॉ कॉलेज, डीडी लॉ कॉलेज एवं आईएमएस यूनिसन यूनिवर्सिटी शामिल रहे। विद्यार्थियों के साथ उनके संबंधित कॉलेजों के प्रोफेसर्स एवं हैड ऑफ द डिपार्टमेंट (लॉ) ने मेंटर्स के रूप में सक्रिय भूमिका निभाते हुए पूरी गतिविधि के दौरान विद्यार्थियों का मार्गदर्शन एवं सहयोग किया। कार्यक्रम के दौरान रितु गुजराल फाउंडेशन की संस्थापक एवं अध्यक्ष अधिवक्ता रितु गुजराल तथा फाउंडेशन के कोषाध्यक्ष धीरज गुजराल द्वारा माननीय न्यायमूर्ति राजेश टंडन का सम्मान किया गया।